बैंगन कई महीनों तक फल देने वाली फसल है, इसलिए स्वस्थ नर्सरी, सही दूरी और पूरे मौसम में बँटी हुई खाद से ही अच्छी कमाई होती है। Farmson Biotech की फसल गाइड के आधार पर यहाँ हाइब्रिड बैंगन की खेती की मुख्य बातें हैं।
बुवाई का समय
खरीफ के लिए नर्सरी जून–जुलाई, रबी के लिए अक्टूबर–नवंबर और गर्मी की फसल के लिए जनवरी–फरवरी।
नर्सरी
- प्रो-ट्रे में निर्जीवीकृत कोकोपीट में पौध तैयार करें – पौधे एकसमान और स्वस्थ बनते हैं
- नर्सरी को 40–50 मेश के कीट-रोधी जाल में रखें, ताकि जैसिड और सफ़ेद मक्खी से छोटी पत्ती और वायरस न फैले
- हल्की रोज़ सिंचाई; डैम्पिंग-ऑफ दिखे तो फफूंदनाशक ड्रेंच
- 30–40 दिन में 4–5 असली पत्तियों वाली पौध तैयार; रोपाई से पहले हार्डनिंग करें
बीज दर और दूरी
हाइब्रिड में 60–80 ग्राम बीज प्रति एकड़। सामान्य किस्मों में 60 × 60 सेमी और फैलने वाली हाइब्रिड में 75–90 × 60 सेमी दूरी रखें।
खाद (अनुमानित, प्रति एकड़)
- नाइट्रोजन 40–60 किलो: आधी बेसल, बाकी फल के लंबे मौसम में कई भागों में
- फॉस्फोरस 20–32 किलो: पूरी बेसल
- पोटाश 20–40 किलो: बेसल और फल आने पर टॉप-ड्रेस
बैंगन महीनों तक फल देता है, इसलिए मौसम भर बँटी हुई खाद पौधों को उत्पादक रखती है।
सिंचाई
मिट्टी में एकसमान नमी रखें – न सूखा, न पानी भराव। फूल और फल बनते समय नमी सबसे ज़रूरी। मल्चिंग के साथ ड्रिप से पानी बचता है और रोग कम होते हैं।
कीट प्रबंधन
- तना और फल छेदक (मुख्य कीट): मुरझाई टहनियाँ और छेद वाले फल नियमित तोड़कर नष्ट करें, फेरोमोन ट्रैप लगाएँ; रसायन आख़िरी उपाय के रूप में और विशेषज्ञ की सलाह से
- जैसिड, माहू, सफ़ेद मक्खी: पीले चिपचिपे ट्रैप; छोटी पत्ती रोग वाले पौधे उखाड़ दें
- एपिलैक्ना बीटल और माइट: बीटल हाथ से चुनें, ज़रूरत के अनुसार नियंत्रण
तुड़ाई
फल जब मुलायम, चमकदार और बाज़ार लायक आकार के हों, बीज कड़े होने से पहले तोड़ें। चाकू या कैंची से डंठल सहित काटें, खींचें नहीं। हर 5–7 दिन पर तुड़ाई करें और आकार-रंग से छाँटकर हवादार क्रेट में भरें।
Farmson की बैंगन किस्में (FB-Yamini 4070, FB-Kalindi 4093, FB-Ragini और अन्य): सभी बैंगन किस्में देखें · बैंगन की खेती – पूरी गाइड
यह जानकारी सामान्य मार्गदर्शन के लिए है। मात्रा और समय अपने खेत की मिट्टी जाँच, मौसम और किस्म के अनुसार तय करें, और नज़दीकी कृषि विशेषज्ञ या कृषि विज्ञान केंद्र (KVK) से सलाह ज़रूर लें।